स्टैंडर्ड और लैटिन में शरीर की गति का संगठन अलग-अलग होता है
क्लासिक युगल नृत्य Let's Dance का एक अहम हिस्सा हैं। स्टैंडर्ड समूह में वाल्ट्ज (Waltz), टैंगो (Tango), फॉक्सट्रॉट (Foxtrot), क्विकस्टेप (Quickstep) और वियना वाल्ट्ज (Wiener Walzer) शामिल हैं। लैटिन अमेरिकी समूह में चा-चा-चा (Cha-Cha), रूंबा (Rumba), सांबा (Samba), पासो डोबले (Paso Doble) और जाइव (Jive) शामिल हैं। अन्य प्रस्तुति शैलियाँ इस दायरे को और विस्तृत करती हैं, हर शो में एक जैसी श्रेणियाँ नहीं होतीं।
पकड़ से पहला संकेत मिलता है, लेकिन यह अपने आप में प्रमाण नहीं है। स्टैंडर्ड में दोनों अक्सर बंद पकड़ में रहकर साथ-साथ डांस फ्लोर पर आगे बढ़ते हैं। वाल्ट्ज और वियना वाल्ट्ज में झूलती हुई गतियाँ दिखाई देती हैं, जबकि वियना वाल्ट्ज लगातार घूमावों के लिए जाना जाता है। फॉक्सट्रॉट का अंदाज़ कुछ हद तक सरकने जैसा होता है, जबकि क्विकस्टेप हल्का और दौड़ता हुआ लगता है। टैंगो में रुकाव और दिशा बदलने के स्पष्ट संकेत होते हैं, लेकिन उसमें झूलते हुए ऊपर-नीचे उठने की खासियत नहीं होती।
लैटिन नृत्यों में खुली मुद्राएँ, अलग-अलग घूमाव और बदलती हुई पकड़ें आम हैं। चा-चा-चा के छोटे, तेज़ कदमों के समूह ध्यान खींचते हैं, जबकि रूंबा में वज़न का बदलाव ठहरकर किया जाता है। सांबा में शरीर की लचीली गतियाँ, जाइव में उछाल भरे कदम और किक्स दिखाई देते हैं। पासो डोबले में शान से तनी हुई, प्रभावशाली रेखाओं का इस्तेमाल होता है, वहाँ कूल्हों की स्पष्ट गति पहचान का ज़रूरी संकेत नहीं है।
रोज़मर्रा के संदर्भ में यह फर्क उतना ही काम का है जितना स्कूल के ग्रेजुएशन समारोह में नाचना: वाल्ट्ज को उसकी चाल से पहचाना जा सकता है, टीवी के मंच और पोशाक के बिना भी।



